कटनी /आगामी मानसून के दिनों में तेज आंधी और तूफान के दौरान लाइनों मे व्यवधान उत्पन्न होने पर आपातकालीन स्थिति में एमपीईबी के द्वारा एक अतिरिक्त आपातकालीन विद्युत सेवा केन्द्र गणेश चौक में स्थापित किया गया है।
एमपीईबी के कार्यपालन अभियंता (शहर संभाग) ने बताया कि आपातकालीन सेवा केन्द्र में प्रतिदिन 24×7 ऑपरेटर पदस्थ किये गये हैं। जिससे मोबाइल नं. 9425802531 पर सम्पर्क किया जा सकता है। शहर के समस्त उपभोक्ता आपातकालीन सेवा केन्द्र पर संपर्क कर सकते हैं। आपातकालीन परिस्थतियों जैसे कि आधी-तूफान में पेड़ टूटकर लाइनों पर आ जाना, लाइनों के तार टूटकर जमीन पर गिर जाना, लाइनों के पोल क्षतिगस्त हो जाने और पोलों में करेंट आ जाना जैसी विषम परिस्थितियों में विभागीय निदान हेल्पनलाइन नंबर 1912 के अतिरिक्त आपातकालीन सेवा केंद्रों के मोबाइल नंबर में भी संपर्क कर तत्काल जानकारी प्रदान की जा सकती है।
एमपीईबी शहर संभाग कटनी के अंतर्गत 3 एफ.ओ.सी. केन्द्र संचालित है, जो कि 24×7 एवं वर्ष में 365 दिवस सेवांए प्रदान कर रहे हैं। जिनमें गणेश चौक स्थित विद्युत शिकायत निवारण केंद्र (9425807546), एन.के.जे. विद्युत शिकायत निवारण विद्युत केंद्र (9425807551) और माधव नगर विद्युत शिकायत निवारण केंद्र (9425807554) है।
विषम परिस्थितियों में एक ही समय पर एक से अधिक लाइनें फाल्ट होने की स्थिति में अधिक उपभेाक्ताओं की विद्युत आपूति बाधित हो जाने के कारण उपभोक्ताओं के द्वारा लगातार विद्युत सेवा केन्द्रों में भी संपर्क किया जाता है, जिससे उपभोक्ताजओं को लाइन व्यस्त होने संबधी शिकायत रहती है। इसके निदान के लिए विभाग के इस वर्ष किये गए नवाचार के माध्यम से समस्त विद्युत सेवा केन्द्र के ऑपरेटर एवं उपकेन्द्र के कर्मचारियों द्वारा विभाग के आईओएमएस पोर्टल पर व्यावधान की जानकारी अपडेट कर दी जाती है। जिससे समस्त उपभोक्तााओं को उनके सर्विस कनेक्शन से लिंक किये गये मोबाइल नंबर पर तत्काल एस.एम.एस. के माध्याम से जानकारी प्राप्त हो रही है। जिससे समस्त उपभोक्ताओं को बिजली बाधित होने पर व्यवधान की सटीक जानकारियां प्राप्त हो रही है ।
उपभोक्ताओं से अनुरोध किया गया है कि व्यवधान के समय में प्राप्त एस.एम.एस. को प्राथमिकता प्रदान करें और विभाग द्वारा संचालित सेवा का स्वागत करे जिससे कि विभाग को ऐसी विषम परिस्थतियों से निपटनें एवं विद्युत व्यवस्था को तत्त्काल बहाल करने में मदद हो सके।

- स्व. श्री विनोद कुमार बहरे
