समय-सीमा बैठक में विभागीय कार्यों की गहन समीक्षा; ‘जल गंगा संवर्धन’ और ‘नल-जल योजना’ में तेजी लाने की हिदायत
कटनी/नगर निगम आयुक्त सुश्री तपस्या परिहार ने सोमवार को निगम के मेयर इन काउंसिल सभाकक्ष में समय-सीमा (TL) की बैठक ली। बैठक में निगमायुक्त ने विभिन्न विभागों की योजनाओं, विकास कार्यों और लंबित प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने कड़े लहजे में अधिकारियों को चेतावनी दी कि शासकीय योजनाओं और विभागीय कार्यों के क्रियान्वयन में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में उपायुक्त शैलेष गुप्ता,प्रियंका झारिया, कार्यपालन यंत्री असित खरे, सुधीर मिश्रा, अंशुमान सिंह, राजस्व अधिकारी जागेश्वर पाठक सहित सभी शाखा प्रमुख और उपयंत्री उपस्थित रहे।
नालों की सफाई में लापरवाही, स्वास्थ्य अधिकारी को नोटिस
आगामी मानसून के मद्देनजर शहर में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए बड़े नालों (बस स्टैंड, सूर्या होटल, धर्मलोक हॉस्पिटल, शंकर टॉकीज रोड, जागृति कॉलोनी, बरगवां, विश्राम बाबा वार्ड कुम्हार मोहल्ला) की सफाई कार्य की समीक्षा की गई। कार्य में लापरवाही और सुस्ती दिखने पर निगमायुक्त ने गहरी नाराजगी व्यक्त की और स्वास्थ्य अधिकारी को तत्काल कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने ताकीद की बारिश शुरू होने से पहले शहर के सभी नालों की सफाई प्राथमिकता से पूरी की जाए और संभावित जलभराव वाले क्षेत्रों की निरंतर मॉनिटरिंग की जाए। साथ ही स्वच्छ सर्वेक्षण के तहत फीडबैक कार्य में गति लाने को कहा।
अवैध कॉलोनाइजरों पर होगी FIR, नियमों का उल्लंघन स्वीकार नहीं
निगमायुक्त ने कॉलोनी सेल प्रभारी को निर्देशित किया कि नियमों की अनदेखी कर बिना अनुमति अवैध रूप से विकसित की जा रही कॉलोनियों के लंबित प्रकरणों में प्राथमिकता के साथ FIR की कार्रवाई की जाए।उन्होंने स्पष्ट कहा कि नियम विरुद्ध निर्माण कार्य शहर के व्यवस्थित विकास को प्रभावित करते हैं, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसके अलावा, व्यावसायिक क्षेत्रों में फायर सेफ्टी नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों पर विशेष नजर रखने और दोषी पाए जाने पर दंडात्मक व कंपाउंडिंग कार्रवाई के निर्देश दिए।
बिना अनुमति चल रहे मैरिज गार्डनों पर गिरेगी गाज
शहर में बिना वैधानिक अनुमति और निर्धारित मानकों के विपरीत संचालित हो रहे अवैध मैरिज गार्डनों पर निगम प्रशासन और सख्त होने जा रहा है। निगमायुक्त ने सभी उपयंत्रियों को अपने-अपने वार्डों में संचालित या नए बन रहे मैरिज गार्डनों का सर्वे कर जल्द से जल्द विस्तृत रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए हैं, ताकि उन पर प्रभावी कानूनी कार्रवाई की जा सके।
बैठक में लिए गए अन्य महत्वपूर्ण निर्णय
पर्यावरण संरक्षण के लिए बनेगा ‘विशेष स्थल’
नागरिकों को अपने जन्मदिन, परिजनों की स्मृति या विशेष अवसरों पर पौधारोपण करने के लिए एक व्यवस्थित स्थल विकसित किया जाएगा, जहां गड्ढे, पौधे और सिंचाई की अग्रिम व्यवस्था होगी।
खतरनाक पेड़ों की छंटाई:
उद्यान विभाग को शहर के सार्वजनिक स्थलों और वार्डों में स्थित सूखे, जर्जर व खतरनाक वृक्षों की समयबद्ध कटाई-छंटाई करने के निर्देश दिए, ताकि कोई दुर्घटना न हो।
जल गंगा संवर्धन अभियान:
नदी, तालाब और सार्वजनिक कुंओं की सफाई कार्य में तेजी लाने तथा जिन कुंओं की सफाई हो चुकी है, उनमें जल प्रदाय शाखा को तुरंत जाली लगाने के निर्देश दिए गए।
जर्जर भवनों को ढहाने में लाएं तेजी:
वर्षा काल में किसी भी प्रकार की जनहानि को रोकने के लिए चिन्हित जर्जर भवनों को हटाने की कार्रवाई में तेजी लाने को कहा गया है।
परिवहन और कबाड़ व्यवसाय पर कार्रवाई ट्रांसपोर्ट नगर में प्लॉट लेने के बाद भी व्यवसाय शुरू न करने वालों को नोटिस देकर लीज निरस्त करने की कार्रवाई होगी। शहर में सुगम यातायात के लिए अवैध कबाड़ व्यवसाय और आवारा श्वानों (कुत्तों) के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा।
जनसुनवाई के मामलों में ढिलाई नहीं
निगमायुक्त ने अधिकारियों को हिदायत दी कि महापौर जनसुनवाई में आने वाले आम जनता के प्रकरणों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। संबल 2.0, स्ट्रीट वेंडर और पीएम आवास योजना के कार्यों की भी गहन समीक्षा की गई।

- स्व. श्री विनोद कुमार बहरे
