कटनी। मध्यप्रदेश में भीषण गर्मी के बीच पेयजल संकट को लेकर सियासत गरमा गई है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कटनी जिले में ‘जल जीवन मिशन’ की जमीनी हकीकत को लेकर प्रदेश की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। सिंघार ने आरोप लगाया है कि करोड़ों रुपये फूंकने के बाद भी कटनी में यह अभियान सिर्फ कागजों तक सीमित है और जिला आज भ्रष्टाचार व कमीशनखोरी की भेंट चढ़ चुका है।
कांग्रेस नेता ने कहा कि दो दशक की भाजपा सरकार ने मध्यप्रदेश को सिर्फ झूठे विज्ञापनों का मॉडल बना दिया है, जबकि जनता बूंद-बूंद पानी के लिए रात-रात भर हैंडपंपों पर लाइन लगाने को मजबूर है।
सीएम हेल्पलाइन की खुली पोल: 500 से अधिक शिकायतें लंबित
नेता प्रतिपक्ष ने सरकारी आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि भ्रष्टाचार की गवाही खुद सरकार के रिकॉर्ड दे रहे हैं। वर्तमान में कटनी जिले से मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर 500 से अधिक शिकायतें धूल खा रही हैं।
* 224 शिकायतें: ऐसी हैं जहाँ कागजों पर काम पूरा होने का दावा है, लेकिन जमीनी स्तर पर समस्या जस की तस होने के कारण शिकायतें बंद नहीं हो सकीं।
* 289 शिकायतें: सिर्फ खराब हैंडपंपों की मरम्मत न होने से जुड़ी हैं, जिन पर प्रशासन कान बंद किए बैठा है।
* “जनता के हक का पैसा आखिर किसकी जेब में जा रहा है? क्या जल जीवन मिशन अब केवल ठेकेदारों और भ्रष्ट अधिकारियों को फायदा पहुंचाने का माध्यम बनकर रह गया है?”— उमंग सिंघार, नेता प्रतिपक्ष
आंकड़ों के आईने में कटनी की जमीनी हकीकत
कटनी जिले के 893 गांवों के लिए 687 एकल ग्राम नलजल योजनाएं स्वीकृत हुईं, लेकिन प्रशासनिक सुस्ती के कारण 165 योजनाएं आज भी अधूरी हैं। विभाग भले ही 516 गांवों में काम पूरा होने का दावा कर रहा है, मगर जमीनी स्तर पर सिर्फ 374 योजनाएं ही ग्राम पंचायतों को हैंडओवर हो सकी हैं। बची हुई योजनाएं टंकियों के अधूरे निर्माण, बंद पड़े पंपिंग स्टेशन और बिजली संकट के कारण ठप हैं। इस भीषण गर्मी में ग्रामीण क्षेत्रों की जीवनरेखा कहे जाने वाले 593 हैंडपंप भी खराब पड़े हैं, जिससे जनता बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रही है।
अधूरी टंकियाँ और बंद पड़े पंपिंग स्टेशन बढ़ा रहे हैं मुसीबत
रिपोर्ट्स के मुताबिक, जिले के कई गांवों में पाइपलाइन तो बिछा दी गई है, लेकिन आज तक उनमें पानी की एक बूंद नहीं टपकी। कहीं दो साल से पानी की टंकियों का निर्माण अधूरा लटका है, तो कहीं बिजली आपूर्ति ठप होने और नए पंपिंग स्टेशन शुरू न होने के कारण करोड़ों की योजनाएं हाथीदांत साबित हो रही हैं।
मुख्यमंत्री से तत्काल हस्तक्षेप की मांग
उमंग सिंघार ने मुख्यमंत्री से इस गंभीर मामले में तत्काल संज्ञान लेने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरकार विज्ञापनों की दुनिया से बाहर निकले और अधिकारियों को सख्त निर्देश देकर कटनी सहित पूरे प्रदेशवासियों के लिए शुद्ध पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करे।

- स्व. श्री विनोद कुमार बहरे
