फ्री रजिस्ट्री, स्टांप ड्यूटी और पंजीयन शुल्क माफ; सरकार पर आएगा 3800 करोड़ रुपये का भार
भोपाल,/ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में जनहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक के बाद मंत्री चैतन्य कश्यप ने बताया कि कैबिनेट ने स्वामित्व योजना को मंजूरी दे दी है, जिससे प्रदेश के 46.80 लाख परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा।
योजना के तहत लंबे समय से एक ही स्थान पर निवास कर रहे लोगों को उनके मकान और भूमि का कानूनी मालिकाना हक प्रदान किया जाएगा। इसके लिए पात्र हितग्राहियों को निशुल्क रजिस्ट्री की सुविधा भी मिलेगी। सरकार का कहना है कि इससे ग्रामीण एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को अपनी संपत्ति पर वैधानिक अधिकार प्राप्त होंगे।
मंत्रिमंडल के इस निर्णय के साथ मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य बन गया है, जहां इतनी बड़ी संख्या में लोगों को स्वामित्व योजना के तहत कानूनी अधिकार देने की पहल की गई है। सरकार ने इसे ग्रामीण विकास और प्रशासनिक सुधार की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया है।
योजना के अंतर्गत स्टांप ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क पूरी तरह माफ कर दिया गया है। इससे नागरिकों पर आर्थिक बोझ कम होगा और संपत्ति पंजीयन की प्रक्रिया सरल बनेगी। हालांकि इस निर्णय से राज्य सरकार पर लगभग 3800 करोड़ रुपये का वित्तीय भार आएगा, लेकिन सरकार ने इसे जनकल्याण के हित में लिया गया महत्वपूर्ण फैसला बताया है।

- स्व. श्री विनोद कुमार बहरे
